
पंचांग · पुर्णिया
पुर्णिया पंचांग बुधवार, 7 ऑक्टोबर, 2026
विक्रम संवत 2083 · सिद्धार्थी
आश्विन कृष्ण द्वादशी · शरद् ऋतू · सौर मास आश्विन, दिवस 21.
द्वादशी · मघा
पुर्णिया · सूर्योदय 05:35 · सूर्यास्त 17:21
चौघडिया
लाभ
शुभ
सूर्योदय 05:35 पासून
राहु काळ
11:28
12:56 पर्यंत
अभिजित्
आज नाही
बुधवारी अभिजित नसतो
नक्षत्र संपते
21:41
मघा → पूर्वाफाल्गुनी
यमगण्ड
07:03
08:31 पर्यंत
हा दिवस, एका नजरेत
| करण बदलून तैतिल | 11:54 |
| नक्षत्र बदलून पूर्वाफाल्गुनी | 21:41 |
| तिथि बदलून त्रयोदशी | 23:17 |
| योग बदलून शुक्ल | 02:52 |
| राहु काळ | 11:28 → 12:56 |
चांद्र मास आश्विन (पौर्णिमान्त), सौर मास आश्विन, सूर्य कन्या मध्ये. दक्षिणायन.
01
पाच अंगे
सूर्योदयाला काय होते, ते कधी बदलले, आणि त्यानंतर काय आले.
| अंग | सूर्योदयाला | बदलते | नंतर |
|---|---|---|---|
| तिथि | कृष्ण द्वादशी | 23:17 | त्रयोदशी |
| नक्षत्र | मघा · पाद 2 | 21:41 | पूर्वाफाल्गुनी |
| योग | शुभ | 02:52 | शुक्ल |
| करण | कौलव | 11:54 | तैतिल |
| वार | बुधवार | गुरु 05:35 | गुरुवार |
02
सूर्य आणि चंद्र
सूर्योदय
05:35
पुर्णिया
सूर्यास्त
17:21
दिनमान 11 ता 46 मि
चंद्रोदय
03:09
क्षीण होणारा चंद्र
चंद्रास्त
15:17
चंद्र मघा मध्ये
03
चौघडिया
दिवसाचे आठ आणि रात्रीचे आठ भाग — सूर्योदय ते सूर्यास्त, आणि सूर्यास्त ते पुढचा सूर्योदय या वेळेचा आठवा हिस्सा.
दिवस
05:35 → 17:21| चौघडिया | अर्थ | वेळ | फल |
|---|---|---|---|
| लाभ | लाभ | 05:35–07:03 | शुभ |
| अमृत | अमृत | 07:03–08:31 | शुभ |
| काल | हानी | 08:31–10:00 | टाळा |
| शुभ | शुभ | 10:00–11:28 | शुभ |
| रोग | रोग | 11:28–12:56 | टाळा |
| उद्वेग | चिंता | 12:56–14:24 | टाळा |
| चर | गती | 14:24–15:53 | सामान्य |
| लाभ | लाभ | 15:53–17:21 | शुभ |
रात्र
17:21 → 05:35| चौघडिया | अर्थ | वेळ | फल |
|---|---|---|---|
| उद्वेग | चिंता | 17:21–18:53 | टाळा |
| शुभ | शुभ | 18:53–20:24 | शुभ |
| अमृत | अमृत | 20:24–21:56 | शुभ |
| चर | गती | 21:56–23:28 | सामान्य |
| रोग | रोग | 23:28–01:00 | टाळा |
| काल | हानी | 01:00–02:32 | टाळा |
| लाभ | लाभ | 02:32–04:04 | शुभ |
| उद्वेग | चिंता | 04:04–05:35 | टाळा |
04
काल वेळा
राहु काळ
11:28–12:56
नवीन काम करू नका
यमगण्ड
07:03–08:31
नवीन काम करू नका
गुलिक काळ
10:00–11:28
नवीन काम करू नका
अभिजित्
आज नाही
बुधवारी अभिजित नसतो
05
संपूर्ण दिवस
तिथि
वार
नक्षत्र
योग
करण
05:3508:3511:3514:3517:3520:3523:3502:3505:35
प्रादेशिक पंजी
सौर मास आश्विन चा 21वा दिवस. ओडिशा, तमिळनाडू, केरळ आणि बंगालची गणना एकत्र पाहा.
येणारे सण
पुर्णिया येथील या महिन्याचे सण, तिथल्या सूर्योदयावरून ठरलेले.
काही नियोजन करा
एखाद्या संस्कारासाठी शुभ वेळ शोधा, वगळलेल्या प्रत्येक तारखेच्या कारणासह.
पुर्णिया, Bihar येथील वेळा (Asia/Kolkata). गणना कशी होते.