
पंचांग · कण्णुर
कण्णुर पंचांग मंगळवार, 29 सप्टेंबर, 2026
विक्रम संवत 2083 · सिद्धार्थी
भाद्रपद कृष्ण तृतीया · शरद् ऋतू · सौर मास Kanni, दिवस 12.
तृतीया · अश्विनी
कण्णुर · सूर्योदय 06:18 · सूर्यास्त 18:20
चौघडिया
रोग
अशुभ
सूर्योदय 06:18 पासून
राहु काळ
15:20
16:50 पर्यंत
अभिजित्
11:55
12:43 पर्यंत
नक्षत्र संपते
09:04
अश्विनी → भरणी
यमगण्ड
09:18
10:49 पर्यंत
हा दिवस, एका नजरेत
| नक्षत्र बदलून भरणी | 09:04 |
| तिथि बदलून चतुर्थी | 17:11 |
| करण बदलून बव | 17:11 |
| योग बदलून वज्र | 03:20 |
| राहु काळ | 15:20 → 16:50 |
चांद्र मास भाद्रपद (अमान्त), सौर मास Kanni, सूर्य कन्या मध्ये. दक्षिणायन.
01
पाच अंगे
सूर्योदयाला काय होते, ते कधी बदलले, आणि त्यानंतर काय आले.
| अंग | सूर्योदयाला | बदलते | नंतर |
|---|---|---|---|
| तिथि | कृष्ण तृतीया | 17:11 | चतुर्थी |
| नक्षत्र | अश्विनी · पाद 4 | 09:04 | भरणी |
| योग | हर्षण | 03:20 | वज्र |
| करण | विष्टि | 17:11 | बव |
| वार | मंगळवार | बुध 06:18 | बुधवार |
02
सूर्य आणि चंद्र
सूर्योदय
06:18
कण्णुर
सूर्यास्त
18:20
दिनमान 12 ता 3 मि
चंद्रोदय
20:18
क्षीण होणारा चंद्र
चंद्रास्त
08:25
चंद्र अश्विनी मध्ये
03
चौघडिया
दिवसाचे आठ आणि रात्रीचे आठ भाग — सूर्योदय ते सूर्यास्त, आणि सूर्यास्त ते पुढचा सूर्योदय या वेळेचा आठवा हिस्सा.
दिवस
06:18 → 18:20| चौघडिया | अर्थ | वेळ | फल |
|---|---|---|---|
| रोग | रोग | 06:18–07:48 | टाळा |
| उद्वेग | चिंता | 07:48–09:18 | टाळा |
| चर | गती | 09:18–10:49 | सामान्य |
| लाभ | लाभ | 10:49–12:19 | शुभ |
| अमृत | अमृत | 12:19–13:49 | शुभ |
| काल | हानी | 13:49–15:20 | टाळा |
| शुभ | शुभ | 15:20–16:50 | शुभ |
| रोग | रोग | 16:50–18:20 | टाळा |
रात्र
18:20 → 06:18| चौघडिया | अर्थ | वेळ | फल |
|---|---|---|---|
| काल | हानी | 18:20–19:50 | टाळा |
| लाभ | लाभ | 19:50–21:20 | शुभ |
| उद्वेग | चिंता | 21:20–22:49 | टाळा |
| शुभ | शुभ | 22:49–00:19 | शुभ |
| अमृत | अमृत | 00:19–01:49 | शुभ |
| चर | गती | 01:49–03:18 | सामान्य |
| रोग | रोग | 03:18–04:48 | टाळा |
| काल | हानी | 04:48–06:18 | टाळा |
04
काल वेळा
राहु काळ
15:20–16:50
नवीन काम करू नका
यमगण्ड
09:18–10:49
नवीन काम करू नका
गुलिक काळ
12:19–13:49
नवीन काम करू नका
अभिजित्
11:55–12:43
शुभ
05
संपूर्ण दिवस
तिथि
वार
नक्षत्र
योग
करण
06:1809:1812:1815:1818:1821:1800:1803:1806:18
प्रादेशिक पंजी
सौर मास Kanni चा 12वा दिवस. ओडिशा, तमिळनाडू, केरळ आणि बंगालची गणना एकत्र पाहा.
येणारे सण
कण्णुर येथील या महिन्याचे सण, तिथल्या सूर्योदयावरून ठरलेले.
काही नियोजन करा
एखाद्या संस्कारासाठी शुभ वेळ शोधा, वगळलेल्या प्रत्येक तारखेच्या कारणासह.
कण्णुर, Kerala येथील वेळा (Asia/Kolkata). गणना कशी होते.