
पंचांग · भुज
भुज पंचांग सोमवार, 19 ऑक्टोबर, 2026
विक्रम संवत 2083 · सिद्धार्थी
आश्विन शुक्ल अष्टमी · शरद् ऋतू · सौर मास कार्तिक, दिवस 3.
अष्टमी · उत्तराषाढा
भुज · सूर्योदय 06:50 · सूर्यास्त 18:22
चौघडिया
अमृत
शुभ
सूर्योदय 06:50 पासून
राहु काळ
08:16
09:43 पर्यंत
अभिजित्
12:13
12:59 पर्यंत
नक्षत्र संपते
15:39
उत्तराषाढा → श्रवण
यमगण्ड
11:10
12:36 पर्यंत
हा दिवस, एका नजरेत
| तिथि बदलून नवमी | 10:52 |
| करण बदलून बालव | 10:52 |
| नक्षत्र बदलून श्रवण | 15:39 |
| योग बदलून शूल | 00:35 |
| राहु काळ | 08:16 → 09:43 |
चांद्र मास आश्विन (पौर्णिमान्त), सौर मास कार्तिक, सूर्य तुला मध्ये. दक्षिणायन.
01
पाच अंगे
सूर्योदयाला काय होते, ते कधी बदलले, आणि त्यानंतर काय आले.
| अंग | सूर्योदयाला | बदलते | नंतर |
|---|---|---|---|
| तिथि | शुक्ल अष्टमी | 10:52 | नवमी |
| नक्षत्र | उत्तराषाढा · पाद 3 | 15:39 | श्रवण |
| योग | धृति | 00:35 | शूल |
| करण | बव | 10:52 | बालव |
| वार | सोमवार | मंगळ 06:50 | मंगळवार |
02
सूर्य आणि चंद्र
सूर्योदय
06:50
भुज
सूर्यास्त
18:22
दिनमान 11 ता 32 मि
चंद्रोदय
14:04
वाढणारा चंद्र
चंद्रास्त
01:10
चंद्र उत्तराषाढा मध्ये
03
चौघडिया
दिवसाचे आठ आणि रात्रीचे आठ भाग — सूर्योदय ते सूर्यास्त, आणि सूर्यास्त ते पुढचा सूर्योदय या वेळेचा आठवा हिस्सा.
दिवस
06:50 → 18:22| चौघडिया | अर्थ | वेळ | फल |
|---|---|---|---|
| अमृत | अमृत | 06:50–08:16 | शुभ |
| काल | हानी | 08:16–09:43 | टाळा |
| शुभ | शुभ | 09:43–11:10 | शुभ |
| रोग | रोग | 11:10–12:36 | टाळा |
| उद्वेग | चिंता | 12:36–14:03 | टाळा |
| चर | गती | 14:03–15:29 | सामान्य |
| लाभ | लाभ | 15:29–16:56 | शुभ |
| अमृत | अमृत | 16:56–18:22 | शुभ |
रात्र
18:22 → 06:50| चौघडिया | अर्थ | वेळ | फल |
|---|---|---|---|
| चर | गती | 18:22–19:56 | सामान्य |
| रोग | रोग | 19:56–21:29 | टाळा |
| काल | हानी | 21:29–23:03 | टाळा |
| लाभ | लाभ | 23:03–00:36 | शुभ |
| उद्वेग | चिंता | 00:36–02:10 | टाळा |
| शुभ | शुभ | 02:10–03:43 | शुभ |
| अमृत | अमृत | 03:43–05:17 | शुभ |
| चर | गती | 05:17–06:50 | सामान्य |
04
काल वेळा
राहु काळ
08:16–09:43
नवीन काम करू नका
यमगण्ड
11:10–12:36
नवीन काम करू नका
गुलिक काळ
14:03–15:29
नवीन काम करू नका
अभिजित्
12:13–12:59
शुभ
05
संपूर्ण दिवस
तिथि
वार
नक्षत्र
योग
करण
06:5009:5012:5015:5018:5021:5000:5003:5006:50