
पंचांग · Jhālu
Jhālu पंचांग रविवार, 18 अक्टूबर 2026
विक्रम संवत 2083 · सिद्धार्थी
आश्विन शुक्ल सप्तमी · शरद् ऋतु · सौर मास कार्तिक, दिन 2।
सप्तमी · पूर्वाषाढा
Jhālu · सूर्योदय 06:20 · सूर्यास्त 17:44
चौघड़िया
उद्वेग
अशुभ
सूर्योदय 06:20 से
राहु काल
16:19
17:44 तक
अभिजित्
11:39
12:25 तक
नक्षत्र समाप्त
12:49
पूर्वाषाढा → उत्तराषाढा
यमगण्ड
12:02
13:28 तक
यह दिन, एक नज़र में
| तिथि बदलकर अष्टमी | 08:29 |
| करण बदलकर विष्टि | 08:29 |
| नक्षत्र बदलकर उत्तराषाढा | 12:49 |
| योग बदलकर धृति | 23:56 |
| राहु काल | 16:19 → 17:44 |
चान्द्र मास आश्विन (पूर्णिमान्त), सौर मास कार्तिक, सूर्य तुला में। दक्षिणायन।
01
पाँच अंग
सूर्योदय पर क्या था, कब बदला, और उसके बाद क्या आया।
| अंग | सूर्योदय पर | बदलता है | फिर |
|---|---|---|---|
| तिथि | शुक्ल सप्तमी | 08:29 | अष्टमी |
| नक्षत्र | पूर्वाषाढा · पाद 4 | 12:49 | उत्तराषाढा |
| योग | सुकर्मा | 23:56 | धृति |
| करण | वणिज | 08:29 | विष्टि |
| वार | रविवार | सोम 06:21 | सोमवार |
02
सूर्य और चन्द्र
सूर्योदय
06:20
Jhālu
सूर्यास्त
17:44
दिनमान 11 घं 24 मि
चन्द्रोदय
13:04
बढ़ता चन्द्र
चन्द्रास्त
23:26
चन्द्र पूर्वाषाढा में
03
चौघड़िया
दिन के आठ और रात के आठ भाग — सूर्योदय से सूर्यास्त, और सूर्यास्त से अगले सूर्योदय तक के समय का आठवाँ हिस्सा।
दिन
06:20 → 17:44| चौघड़िया | अर्थ | समय | फल |
|---|---|---|---|
| उद्वेग | चिंता | 06:20–07:46 | टालें |
| चर | गति | 07:46–09:11 | सामान्य |
| लाभ | लाभ | 09:11–10:37 | शुभ |
| अमृत | अमृत | 10:37–12:02 | शुभ |
| काल | हानि | 12:02–13:28 | टालें |
| शुभ | शुभ | 13:28–14:53 | शुभ |
| रोग | रोग | 14:53–16:19 | टालें |
| उद्वेग | चिंता | 16:19–17:44 | टालें |
रात
17:44 → 06:21| चौघड़िया | अर्थ | समय | फल |
|---|---|---|---|
| शुभ | शुभ | 17:44–19:19 | शुभ |
| अमृत | अमृत | 19:19–20:53 | शुभ |
| चर | गति | 20:53–22:28 | सामान्य |
| रोग | रोग | 22:28–00:02 | टालें |
| काल | हानि | 00:02–01:37 | टालें |
| लाभ | लाभ | 01:37–03:12 | शुभ |
| उद्वेग | चिंता | 03:12–04:46 | टालें |
| शुभ | शुभ | 04:46–06:21 | शुभ |
04
काल वेला
राहु काल
16:19–17:44
नया काम न करें
यमगण्ड
12:02–13:28
नया काम न करें
गुलिक काल
14:53–16:19
नया काम न करें
अभिजित्
11:39–12:25
शुभ
05
पूरा दिन
तिथि
वार
नक्षत्र
योग
करण
06:2009:2012:2015:2018:2021:2100:2103:2106:21
क्षेत्रीय पंजी
सौर मास कार्तिक का 2वाँ दिन। ओडिशा, तमिलनाडु, केरल और बंगाल की गणना एक साथ देखें।
आने वाले त्योहार
Jhālu के इस महीने के त्योहार, वहाँ के सूर्योदय से तय।
कुछ योजना बनाएँ
किसी संस्कार के लिए शुभ समय खोजें, हर छोड़ी गई तारीख के कारण के साथ।
Jhālu, Uttar Pradesh के समय (Asia/Kolkata)। गणना कैसे होती है.