
पंचांग · दुर्ग
दुर्ग पंचांग रविवार, 11 अक्टूबर 2026
विक्रम संवत 2083 · सिद्धार्थी
आश्विन शुक्ल प्रतिपदा · शरद् ऋतु · सौर मास आश्विन, दिन 25।
प्रतिपदा · चित्रा
दुर्ग · सूर्योदय 05:59 · सूर्यास्त 17:44
चौघड़िया
उद्वेग
अशुभ
सूर्योदय 05:59 से
राहु काल
16:16
17:44 तक
अभिजित्
11:28
12:15 तक
नक्षत्र समाप्त
22:33
चित्रा → स्वाती
यमगण्ड
11:52
13:20 तक
यह दिन, एक नज़र में
| करण बदलकर बव | 09:22 |
| योग बदलकर विष्कम्भ | 21:06 |
| तिथि बदलकर द्वितीया | 21:32 |
| नक्षत्र बदलकर स्वाती | 22:33 |
| राहु काल | 16:16 → 17:44 |
चान्द्र मास आश्विन (पूर्णिमान्त), सौर मास आश्विन, सूर्य कन्या में। दक्षिणायन।
01
पाँच अंग
सूर्योदय पर क्या था, कब बदला, और उसके बाद क्या आया।
| अंग | सूर्योदय पर | बदलता है | फिर |
|---|---|---|---|
| तिथि | शुक्ल प्रतिपदा | 21:32 | द्वितीया |
| नक्षत्र | चित्रा · पाद 2 | 22:33 | स्वाती |
| योग | वैधृति | 21:06 | विष्कम्भ |
| करण | किंस्तुघ्न | 09:22 | बव |
| वार | रविवार | सोम 05:59 | सोमवार |
02
सूर्य और चन्द्र
सूर्योदय
05:59
दुर्ग
सूर्यास्त
17:44
दिनमान 11 घं 45 मि
चन्द्रोदय
06:23
बढ़ता चन्द्र
चन्द्रास्त
17:59
चन्द्र चित्रा में
03
चौघड़िया
दिन के आठ और रात के आठ भाग — सूर्योदय से सूर्यास्त, और सूर्यास्त से अगले सूर्योदय तक के समय का आठवाँ हिस्सा।
दिन
05:59 → 17:44| चौघड़िया | अर्थ | समय | फल |
|---|---|---|---|
| उद्वेग | चिंता | 05:59–07:27 | टालें |
| चर | गति | 07:27–08:55 | सामान्य |
| लाभ | लाभ | 08:55–10:23 | शुभ |
| अमृत | अमृत | 10:23–11:52 | शुभ |
| काल | हानि | 11:52–13:20 | टालें |
| शुभ | शुभ | 13:20–14:48 | शुभ |
| रोग | रोग | 14:48–16:16 | टालें |
| उद्वेग | चिंता | 16:16–17:44 | टालें |
रात
17:44 → 05:59| चौघड़िया | अर्थ | समय | फल |
|---|---|---|---|
| शुभ | शुभ | 17:44–19:16 | शुभ |
| अमृत | अमृत | 19:16–20:48 | शुभ |
| चर | गति | 20:48–22:20 | सामान्य |
| रोग | रोग | 22:20–23:52 | टालें |
| काल | हानि | 23:52–01:24 | टालें |
| लाभ | लाभ | 01:24–02:56 | शुभ |
| उद्वेग | चिंता | 02:56–04:27 | टालें |
| शुभ | शुभ | 04:27–05:59 | शुभ |
04
काल वेला
राहु काल
16:16–17:44
नया काम न करें
यमगण्ड
11:52–13:20
नया काम न करें
गुलिक काल
14:48–16:16
नया काम न करें
अभिजित्
11:28–12:15
शुभ
05
पूरा दिन
तिथि
वार
नक्षत्र
योग
करण
05:5908:5911:5914:5917:5920:5923:5902:5905:59
क्षेत्रीय पंजी
सौर मास आश्विन का 25वाँ दिन। ओडिशा, तमिलनाडु, केरल और बंगाल की गणना एक साथ देखें।
आने वाले त्योहार
दुर्ग के इस महीने के त्योहार, वहाँ के सूर्योदय से तय।
कुछ योजना बनाएँ
किसी संस्कार के लिए शुभ समय खोजें, हर छोड़ी गई तारीख के कारण के साथ।
दुर्ग, Chhattisgarh के समय (Asia/Kolkata)। गणना कैसे होती है.