
पंचांग · Bāntva
Bāntva पंचांग बुधवार, 21 अक्टूबर 2026
विक्रम संवत 2083 · सिद्धार्थी
आश्विन शुक्ल दशमी · शरद् ऋतु · सौर मास कार्तिक, दिन 5।
दशमी · धनिष्ठा
Bāntva · सूर्योदय 06:48 · सूर्यास्त 18:21
चौघड़िया
लाभ
शुभ
सूर्योदय 06:48 से
राहु काल
12:34
14:01 तक
अभिजित्
आज नहीं
बुधवार को अभिजित् नहीं होता
नक्षत्र समाप्त
19:48
धनिष्ठा → शतभिषा
यमगण्ड
08:14
09:41 तक
यह दिन, एक नज़र में
| तिथि बदलकर एकादशी | 14:12 |
| करण बदलकर वणिज | 14:12 |
| नक्षत्र बदलकर शतभिषा | 19:48 |
| योग बदलकर वृद्धि | 00:33 |
| राहु काल | 12:34 → 14:01 |
चान्द्र मास आश्विन (पूर्णिमान्त), सौर मास कार्तिक, सूर्य तुला में। दक्षिणायन।
01
पाँच अंग
सूर्योदय पर क्या था, कब बदला, और उसके बाद क्या आया।
| अंग | सूर्योदय पर | बदलता है | फिर |
|---|---|---|---|
| तिथि | शुक्ल दशमी | 14:12 | एकादशी |
| नक्षत्र | धनिष्ठा · पाद 2 | 19:48 | शतभिषा |
| योग | गण्ड | 00:33 | वृद्धि |
| करण | गर | 14:12 | वणिज |
| वार | बुधवार | गुरु 06:48 | गुरुवार |
02
सूर्य और चन्द्र
सूर्योदय
06:48
Bāntva
सूर्यास्त
18:21
दिनमान 11 घं 33 मि
चन्द्रोदय
15:12
बढ़ता चन्द्र
चन्द्रास्त
02:58
चन्द्र धनिष्ठा में
03
चौघड़िया
दिन के आठ और रात के आठ भाग — सूर्योदय से सूर्यास्त, और सूर्यास्त से अगले सूर्योदय तक के समय का आठवाँ हिस्सा।
दिन
06:48 → 18:21| चौघड़िया | अर्थ | समय | फल |
|---|---|---|---|
| लाभ | लाभ | 06:48–08:14 | शुभ |
| अमृत | अमृत | 08:14–09:41 | शुभ |
| काल | हानि | 09:41–11:08 | टालें |
| शुभ | शुभ | 11:08–12:34 | शुभ |
| रोग | रोग | 12:34–14:01 | टालें |
| उद्वेग | चिंता | 14:01–15:27 | टालें |
| चर | गति | 15:27–16:54 | सामान्य |
| लाभ | लाभ | 16:54–18:21 | शुभ |
रात
18:21 → 06:48| चौघड़िया | अर्थ | समय | फल |
|---|---|---|---|
| उद्वेग | चिंता | 18:21–19:54 | टालें |
| शुभ | शुभ | 19:54–21:28 | शुभ |
| अमृत | अमृत | 21:28–23:01 | शुभ |
| चर | गति | 23:01–00:34 | सामान्य |
| रोग | रोग | 00:34–02:08 | टालें |
| काल | हानि | 02:08–03:41 | टालें |
| लाभ | लाभ | 03:41–05:15 | शुभ |
| उद्वेग | चिंता | 05:15–06:48 | टालें |
04
काल वेला
राहु काल
12:34–14:01
नया काम न करें
यमगण्ड
08:14–09:41
नया काम न करें
गुलिक काल
11:08–12:34
नया काम न करें
अभिजित्
आज नहीं
बुधवार को अभिजित् नहीं होता
05
पूरा दिन
तिथि
वार
नक्षत्र
योग
करण
06:4809:4812:4815:4818:4821:4800:4803:4806:48
क्षेत्रीय पंजी
सौर मास कार्तिक का 5वाँ दिन। ओडिशा, तमिलनाडु, केरल और बंगाल की गणना एक साथ देखें।
आने वाले त्योहार
Bāntva के इस महीने के त्योहार, वहाँ के सूर्योदय से तय।
कुछ योजना बनाएँ
किसी संस्कार के लिए शुभ समय खोजें, हर छोड़ी गई तारीख के कारण के साथ।
Bāntva, Gujarat के समय (Asia/Kolkata)। गणना कैसे होती है.